आदित्यपुर। आदित्यपुर नगर निगम में सोमवार को होने वाले डिप्टी मेयर चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज हो गई है। सूत्रों के अनुसार नगर निगम के 12 पार्षदों को पश्चिम बंगाल के मांदरमणि स्थित एक रिसॉर्ट में शिफ्ट कराया गया है। बताया जा रहा है कि ये सभी पार्षद पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन के समर्थक खेमे से जुड़े हैं। सूत्रों की मानें तो इन पार्षदों में वार्ड संख्या 31, 26 और 35 की महिला पार्षदों को भी मांदरमणि ले जाया गया है। बताया जा रहा है कि इनमें से कुछ महिला पार्षदों को बिना पूरी जानकारी दिए ले जाया गया, जिसको लेकर रिसॉर्ट में ही हंगामे की स्थिति बन गई। खासकर वार्ड संख्या 31 की पार्षद रिंकू राय के मामले को लेकर विवाद की चर्चा है। बताया जा रहा है कि रिसॉर्ट पहुंचने के बाद से उनका मोबाइल फोन बंद है। वहीं यह भी सूचना मिल रही है कि वे देर रात आदित्यपुर वापस आना चाहती थीं, जिसको लेकर होटल में काफी देर तक हंगामा हुआ। इधर कुछ सूत्र यह भी दावा कर रहे हैं कि पार्षदों के मोबाइल फोन जबरन जमा करा लिए गए हैं, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। दरअसल, आदित्यपुर नगर निगम में डिप्टी मेयर का चुनाव पार्षदों के मत से होना है और इसके लिए सोमवार को मतदान निर्धारित है। ऐसे में चुनाव से ठीक पहले पार्षदों को एकजुट रखने के लिए इस तरह की रणनीति अपनाए जाने की चर्चा राजनीतिक गलियारों में जोरों पर है। सूत्रों के अनुसार बीते 10 मार्च को आदित्यपुर से आठ पार्षद मांदरमणि गए थे, जिनमें संभावित डिप्टी मेयर प्रत्याशी अर्चना सिंह, उत्तरा प्रधान, मोतीलाल बिसोई, रिंकी करुवा, बनमाली दास और राजरानी महतो समेत अन्य शामिल थे। वहीं शनिवार को चार और पार्षद—रिंकू राय, वेदना गोप, संगीता सामड और शुभम पांडे भी मांदरमणि पहुंचे। बताया जा रहा है कि 12 पार्षदों के साथ करीब 40 लोग मांदरमणि गए हैं। डिप्टी मेयर चुनाव से ठीक पहले पार्षदों को रिसॉर्ट में रखने की इस खबर ने नगर निगम की राजनीति को और गरमा दिया है।



