फलाह उम्मत संगठन द्वारा आयोजित चार दिवसीय शैक्षिक एवं प्रशिक्षण कार्यशाला का चौथा और अंतिम दिन रविवार को नसीम पैलेस, जगसलाई में संपन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत मगरिब की नमाज के बाद शाम 7:00 बजे हुई, जिसमें सैकड़ों स्कूली छात्रों, बच्चों और अभिभावकों ने भाग लिया।


कार्यक्रम में झारखंड अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष हाजी हिदायतुल्लाह खान विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम का आयोजन काज़ी मुश्ताक अहमद के संरक्षण में किया गया।
कार्यशाला के चौथे दिन मुफ्ती सलाहुद्दीन साहब निज़ामी ने बच्चों को बढ़ती उम्र के साथ होने वाले शारीरिक और मानसिक परिवर्तनों के बारे में सरल और प्रभावी भाषा में जानकारी दी। उनके व्याख्यान को बच्चों और अभिभावकों ने काफी सराहा।
मुख्य अतिथि हाजी हिदायतुल्लाह खान ने अपने संबोधन में कहा कि इस तरह के शैक्षिक कार्यक्रम बच्चों के चरित्र निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी देश और राष्ट्र का विकास उसकी युवा पीढ़ी पर निर्भर करता है, क्योंकि परिवर्तन और प्रगति की सबसे बड़ी शक्ति युवा ही होते हैं। उन्होंने कार्यक्रम की सफलता का श्रेय काज़ी मुश्ताक अहमद और उनकी टीम को दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत हाफ़िज़ साजिद इक़बाल के तिलावत-ए-क़ुरान से हुई। वहीं मौलाना एहतेशाम अज़हरी ने भी कार्यक्रम में उपस्थित होकर इसे अपनी दुआओं से सुशोभित किया।
कार्यक्रम को सफल बनाने में मुहम्मद आमिर, मुहम्मद नवीद, मुहम्मद अरमान, मुहम्मद मेराज़ अशरफ़ और मुहम्मद राजा सहित अन्य लोगों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

