रांची : झारखंड ऊर्जा विकास निगम लिमिटेड (JUVNL) के वितरण व संचरण क्षेत्र में कार्यरत हजारों कर्मियों की सुरक्षा को लेकर एक बड़ा मामला सामने आया है। झारखंड ऊर्जा विकास श्रमिक संघ के केंद्रीय अध्यक्ष अजय राय ने अध्यक्ष-सह-प्रबंध निदेशक को पत्र लिखकर कई गंभीर मांगें रखी हैं। पत्र 12 जून 2026 को भेजा गया, जिसे 13 जून को प्राप्त किया गया।


संघ ने बताया कि बिजली से जुड़े जोखिमपूर्ण कार्य करने वाले कर्मियों को कई एजेंसियां फुल बॉडी सेफ्टी बेल्ट, सेफ्टी हेलमेट, इंसुलेटेड सेफ्टी ग्लव्स, गमबूट, टॉर्च, रिफ्लेक्टिव जैकेट और बरसाती जैसे जरूरी सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं करा रही हैं, जिससे कार्यस्थल पर दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ रहा है। संघ ने मांग की है कि निगम मुख्यालय स्तर से सभी एजेंसियों को इन उपकरणों की अनिवार्य उपलब्धता और गुणवत्ता जांच सुनिश्चित करने का निर्देश जारी किया जाए।
पत्र में यह भी कहा गया है कि कई एजेंसियां अब भी पुराने वेतनमान पर कर्मियों से काम करा रही हैं, जो श्रम कानूनों का उल्लंघन है। संघ ने सरकार द्वारा अधिसूचित वर्तमान न्यूनतम मजदूरी का तुरंत पालन और बकाया राशि के भुगतान की मांग की है। साथ ही छोटी-छोटी एजेंसियों के बजाय JAP-IT जैसी एक सक्षम सरकारी एजेंसी के माध्यम से वार्षिक अनुबंध पर कार्य संचालन पर विचार करने का सुझाव दिया है। पत्र की प्रतिलिपि श्रम आयुक्त झारखंड और मुख्य विद्युत निरीक्षक को भी भेजी गई है।

