सरायकेला: जिले में अवैध खनन और खनिजों के अवैध परिवहन पर प्रभावी रोक लगाने को लेकर बुधवार को समाहरणालय सभागार में जिला स्तरीय खनन टास्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी नितीश कुमार सिंह ने की, जबकि पुलिस अधीक्षक निधि द्विवेदी भी मौजूद रहीं।


बैठक में उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिया कि एनजीटी द्वारा निर्धारित अवधि के दौरान नदी तल से किसी भी प्रकार का बालू खनन पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। उन्होंने कहा कि बालू सहित सभी खनिजों के अवैध उत्खनन और परिवहन के मामलों में जिला प्रशासन की जीरो टॉलरेंस नीति रहेगी और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
उपायुक्त ने पुलिस एवं संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ संयुक्त छापेमारी अभियान चलाने का निर्देश दिया। संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने और सूचना तंत्र को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया। जिला खनन पदाधिकारी ज्योति शंकर शतपति ने बताया कि जिले के खनन पट्टा क्षेत्रों और ईंट भट्ठों की मैपिंग का कार्य पूरा कर लिया गया है।
बैठक में बालू घाटों के संचालन के लिए ग्राम सभा की स्वीकृति सुनिश्चित करने, खनिज परिवहन में लगे वाहनों की नियमित जांच करने तथा वाहनों को तिरपाल से ढंककर परिवहन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को शेष ईंट भट्ठों का निरीक्षण कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया।
बैठक में अपर समाहर्ता जयवर्धन कुमार, सरायकेला एसडीओ अभिनव प्रकाश, चांडिल एसडीओ, सभी अंचल अधिकारी, थाना प्रभारी, जिला परिवहन एवं खनन विभाग के अधिकारी समेत टास्क फोर्स के अन्य सदस्य उपस्थित थे।

