पाकुड़: झारखंड के पाकुड़ जिले के अमड़ापाड़ा थाना क्षेत्र की चार नाबालिग लड़कियों को काम दिलाने का झांसा देकर एक बिचौलिया पंजाब के अंबाला ले गया था। वहां से घर लौटने के दौरान वे गलती से मुंबई पहुंच गईं, जहां संदिग्ध परिस्थितियों में मिलने पर महाराष्ट्र पुलिस ने उन्हें संरक्षण में ले लिया।


पुलिस के अनुसार, करीब तीन महीने तक पहचान और सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करने के बाद महाराष्ट्र पुलिस चारों लड़कियों को सुरक्षित पाकुड़ लेकर पहुंची। इसके बाद उन्हें बाल कल्याण समिति (सीडब्ल्यूसी) के सुपुर्द कर दिया गया, जहां वर्तमान में उनकी काउंसलिंग कराई जा रही है।
इस मामले की जांच मानव तस्करी की आशंका को ध्यान में रखते हुए की जा रही है। पुलिस का कहना है कि लड़कियों को नौकरी का लालच देकर बाहर ले जाने वाले बिचौलिये तथा संभावित मानव तस्करी नेटवर्क की भूमिका की जांच की जा रही है।
अधिकारियों ने बताया कि मामले के सभी पहलुओं की गहन जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी। वहीं, फरार बिचौलिये की तलाश के लिए भी पुलिस लगातार प्रयास कर रही है।

