जमशेदपुर: जमशेदपुर महिला विश्वविद्यालय ने ‘नशा मुक्त भारत अभियान’ के तहत विश्वविद्यालय परिसर को पूर्ण रूप से नशा मुक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की है। विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. डॉ. इला कुमार के मार्गदर्शन में बायोटॉक्सा ड्रग एनालिसिस मशीन की स्थापना की गई है। विश्वविद्यालय प्रशासन के अनुसार, यह उपकरण छात्राओं में नशे के सेवन की पहचान करने तथा उन्हें समय रहते नशे की गिरफ्त से बाहर निकालने की दिशा में उपयोगी साबित हो सकता है। मशीन के संचालन और इसकी कार्यप्रणाली का प्रदर्शन विश्वविद्यालय के शिक्षकों एवं छात्राओं के समक्ष किया गया। विश्वविद्यालय प्रशासन ने बताया कि स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इस उपकरण का औपचारिक उद्घाटन किया जाएगा। साथ ही विश्वविद्यालय परिसर को पूर्ण रूप से नशा मुक्त बनाने का संकल्प लिया जाएगा। कार्यक्रम के दौरान डीन एकेडमिक अफेयर्स डॉ. किश्वर आरा, डॉ. सुधीर कुमार साहू, डॉ. राजेंद्र कुमार जायसवाल, डॉ. ग्लोरिया पूर्ति, डॉ. सनातन दीप, डॉ. रत्ना मित्रा, डॉ. कामिनी कुमारी, डॉ. नूपुर अन्विता, डॉ. पुष्पा कुमारी, डॉ. रिजवाना परवीन, डॉ. डी. पुष्पलता, डॉ. रितेश कुमार ठाकुर, डॉ. सुनीता कुमारी समेत अन्य शिक्षक, तकनीकी कर्मचारी एवं छात्राएं उपस्थित रहीं। विश्वविद्यालय का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य छात्राओं के लिए सुरक्षित वातावरण तैयार करना और उन्हें स्वस्थ, सुदृढ़ एवं उज्ज्वल भविष्य की ओर प्रेरित करना है।



