बिहार में 100 इलेक्ट्रिक बसों की तैयारी, सीएनजी बसों की जगह ग्रीन ट्रांसपोर्ट को बढ़ावा

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पटना: बिहार सरकार का परिवहन विभाग राज्य की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और पर्यावरण अनुकूल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रहा है। विभाग ने सीएनजी बसों की जगह चरणबद्ध तरीके से इलेक्ट्रिक बसों को शामिल करने की योजना बनाई है। इसके तहत राज्य में 100 नई इलेक्ट्रिक बसों के संचालन की तैयारी शुरू कर दी गई है।

सरकार का मानना है कि इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से प्रदूषण में कमी आएगी और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था अधिक आधुनिक, किफायती और टिकाऊ बन सकेगी। यह पहल स्वच्छ ऊर्जा आधारित परिवहन प्रणाली विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

जानकारी के अनुसार, पटना सहित राज्य के प्रमुख शहरों में इन इलेक्ट्रिक बसों का संचालन किया जाएगा। परिवहन विभाग इसके लिए आवश्यक बुनियादी ढांचे, चार्जिंग स्टेशन और संचालन संबंधी तैयारियों पर भी काम कर रहा है। अधिकारियों का कहना है कि आने वाले वर्षों में सार्वजनिक परिवहन को पूरी तरह ग्रीन एनर्जी आधारित बनाने का लक्ष्य रखा गया है।

इलेक्ट्रिक बसों के संचालन से यात्रियों को आरामदायक और आधुनिक यात्रा सुविधा मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा डीजल और सीएनजी जैसे पारंपरिक ईंधनों पर निर्भरता कम होगी, जिससे संचालन लागत में भी कमी आ सकती है।

परिवहन विभाग का मानना है कि यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण में योगदान देगी, बल्कि राज्य में स्वच्छ और सतत परिवहन व्यवस्था को भी मजबूत करेगी। सरकार की इस योजना को बिहार के सार्वजनिक परिवहन क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण बदलाव के रूप में देखा जा रहा है।