जमशेदपुर: गोलमुरी चौक पर सड़क हादसों और यातायात व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर शुरू हुई अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल रविवार को तीसरे दिन भी जारी रही। 28 अगस्त से चल रहे आंदोलन के दौरान भूख हड़ताल पर बैठे एक प्रदर्शनकारी की तबीयत बिगड़ गई। इसके बाद डॉक्टर ने मौके पर पहुंचकर उसका स्वास्थ्य परीक्षण किया।


प्रदर्शनकारियों का कहना है कि स्वास्थ्य खराब होने के बावजूद वे अपनी मांगों से पीछे हटने को तैयार नहीं हैं। उनका आरोप है कि अब तक प्रशासन की ओर से मांगों को लेकर कोई औपचारिक बातचीत की पहल नहीं की गई है।
गोलमुरी थाना की पुलिस पहुंची
रविवार को गोलमुरी थाना की पुलिस टीम आंदोलन स्थल पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। हालांकि, प्रदर्शनकारियों के अनुसार उनकी मांगों को लेकर प्रशासन या सक्षम अधिकारी के साथ अभी तक औपचारिक वार्ता नहीं हुई है।
स्थायी डिवाइडर और बेहतर ट्रैफिक व्यवस्था की मांग
आंदोलनकारी गोलमुरी चौक पर स्थायी डिवाइडर लगाने की मांग कर रहे हैं। उनका कहना है कि इससे वाहनों की आवाजाही नियंत्रित होगी और दुर्घटनाओं को रोकने में मदद मिल सकती है। इसके अलावा दिन के समय बड़े वाहनों की आवाजाही पर निगरानी बढ़ाने और ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर करने की भी मांग की जा रही है।
प्रदर्शनकारियों के मुताबिक, पहले इसी समस्या को लेकर एक दिवसीय धरना दिया गया था, जिसमें प्रशासन ने एक सप्ताह के भीतर डिवाइडर या वैकल्पिक व्यवस्था करने का आश्वासन दिया था। लेकिन उनका दावा है कि अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।
प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया है कि मांगों पर कार्रवाई होने तक भूख हड़ताल जारी रहेगी। अब देखना होगा कि प्रशासन कब बातचीत के लिए आगे आता है और गोलमुरी चौक की यातायात व्यवस्था को लेकर क्या ठोस निर्णय लिया जाता है।

