कोलकाता : पश्चिम बंगाल की राजनीति में शनिवार को उस समय हलचल तेज हो गई, जब सीआईडी की टीम तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और डायमंड हार्बर सांसद Abhishek Banerjee के आवास ‘शांतिनिकेतन’ पहुंची। यह कार्रवाई विधानसभा में Shobhanadev Chattopadhyay के समर्थन पत्र पर कथित जाली हस्ताक्षर मामले की जांच के सिलसिले में की गई।


हालांकि, जब सीआईडी अधिकारी मौके पर पहुंचे तो आवास का दरवाजा बंद मिला और अभिषेक बनर्जी वहां मौजूद नहीं थे। करीब चार अधिकारियों की टीम कुछ देर तक घर के बाहर इंतजार करती रही। बाद में घर से बाहर आए एक व्यक्ति ने बताया कि वे घर पर नहीं हैं, जिसके बाद अधिकारियों ने आवश्यक औपचारिकताएं पूरी कर वहां से वापसी कर ली।
एहतियात के तौर पर हेयर स्ट्रीट थाने की पुलिस को भी आवास के बाहर तैनात किया गया था। जांच उस समर्थन पत्र से जुड़ी है, जिसे विधानसभा सचिवालय में विपक्ष के नेता पद के लिए जमा किया गया था।
बताया जा रहा है कि कुछ विधायकों के हस्ताक्षरों की प्रामाणिकता पर सवाल उठने के बाद मामला दर्ज किया गया, जिसके बाद सीआईडी ने जांच शुरू की। इस मामले में कई टीएमसी विधायकों से पूछताछ भी की जा चुकी है और जांच एजेंसियां पूरे मामले की गहराई से पड़ताल कर रही हैं।

