रांची: झारखंड पुलिस को नक्सल विरोधी अभियान में बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) के सक्रिय पोलित ब्यूरो सदस्य मिसिर बेसरा उर्फ भास्कर सहित पांच माओवादियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों के पास से तीन एके-47 राइफल, आठ मैगजीन और 288 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं।


पुलिस के अनुसार, मिसिर बेसरा पर झारखंड सरकार ने ₹1 करोड़ तथा ओडिशा सरकार ने ₹1.20 करोड़ का इनाम घोषित कर रखा था। इस प्रकार उस पर कुल ₹2.20 करोड़ का इनाम था। अधिकारियों ने बताया कि वह प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) संगठन का सक्रिय पोलित ब्यूरो सदस्य था।
इस अभियान में मिसिर बेसरा के अलावा मोचू उर्फ विभीषण, सैरव उर्फ वीरेंद्र हांसदा तथा अन्य दो माओवादियों सहित कुल पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में सभी गिरफ्तार आरोपियों को मीडिया के सामने प्रस्तुत किया गया।
पुलिस ने बताया कि यह कार्रवाई खुफिया सूचना और लंबे समय से चल रहे विशेष अभियान के आधार पर की गई। बरामद हथियारों और पूछताछ के आधार पर संगठन के नेटवर्क, गतिविधियों और अन्य सहयोगियों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
झारखंड पुलिस ने इस कार्रवाई को नक्सल विरोधी अभियान की बड़ी उपलब्धि बताते हुए कहा कि इससे प्रतिबंधित माओवादी संगठन के नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। अधिकारियों का कहना है कि आगे की पूछताछ में कई महत्वपूर्ण जानकारियां सामने आने की उम्मीद है।

