हजारीबाग: हजारीबाग जिले के बड़कागांव प्रखंड में बिजली विभाग की बिलिंग व्यवस्था पर सवाल खड़ा करने वाला एक मामला सामने आया है। यहां एक उपभोक्ता को अचानक ₹1,18,53,198 (एक करोड़ अठारह लाख तिरपन हजार एक सौ अट्ठानवे रुपये) का बिजली बिल जारी कर दिया गया। इतना बड़ा बिल देखकर उपभोक्ता और उनका परिवार हैरान है। पीड़ित ने विभागीय अधिकारियों से मामले की निष्पक्ष जांच कर बिल में हुई कथित त्रुटि को तत्काल सुधारने की मांग की है।


बड़कागांव निवासी बलदेव सोनी ने बिजली विभाग के सहायक अभियंता को लिखित आवेदन देकर पूरे मामले की जांच कराने की मांग की है। उनका कहना है कि जारी किया गया बिल उनकी वास्तविक बिजली खपत से बिल्कुल मेल नहीं खाता और यह विभागीय या तकनीकी गड़बड़ी का मामला प्रतीत होता है।
बलदेव सोनी के अनुसार, वर्ष 2021 में ₹18,377 बकाया रहने के कारण उनका बिजली कनेक्शन काट दिया गया था और मामला दर्ज हुआ था। बाद में उन्होंने मूल बकाया राशि के साथ ₹6,000 जुर्माना जमा कर मामला सुलझाया। इसके बाद 3 सितंबर 2021 को ₹400 निर्धारित शुल्क जमा कर उनका बिजली कनेक्शन दोबारा चालू कर दिया गया।
पीड़ित का आरोप है कि कनेक्शन बहाल होने के बाद विभाग ने न तो नया मीटर लगाया और न ही लंबे समय तक नियमित बिजली बिल जारी किया। अब अचानक ₹1.18 करोड़ से अधिक का बिल भेज दिया गया है। उन्होंने वास्तविक खपत के आधार पर संशोधित बिल जारी करने की मांग की है। फिलहाल इस मामले में बिजली विभाग की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

